फाईनेंस कंपनी के बोर्ड से करंट फैलने से एक महिला की मृत्यु, दो लापरवाह कर्मचारियों को 01-01 वर्ष का कारावास।

Neemuch 24-04-2019 Regional

नीमच। श्री नीरज मालवीय, मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी, नीमच द्वारा फाईनेंस कंपनी के दो कर्मचारियों की लापरवाही से बोर्ड में करंट फैलने के कारण एक महिला की मृत्यु होने से दोनो आरोपियों को 01-01 वर्ष के सश्रम कारावास एवं कुल 1,000-1,000रू. जुर्माने से दण्डित किया। जिला अभियोजन अधिकारी श्री आर. आर. चौधरी द्वारा घटना की जानकारी देते हुए बताया कि मृतिका दुर्गादेवी का निवास अम्बेडकर रोड़, चौरडिया अस्पताल के सामने, नीमच पर हैं, जहॉं मृतिका उपरी मंजिल पर निवास करती थी तथा घर का निचला हिस्सा आवास फाईनेंस कंपनी के कार्यालय हेतु किराये पर दिया गया था, जिसका बोर्ड घर की छत पर लगा हुआ था। दिनांक 05.03.2018 को सुबह के लगभग 10ः40 बजे फाईनेंस कंपनी के दो कर्मचारी संदीप व गजेन्द्र छत पर से लापरवाही पूर्वक बोर्ड उतारने लगे, जिस कारण बोर्ड का एक हिस्सा हाई पावर लाईन के तार को छू गया तथा दुसरा हिस्सा गैलरी की रेलिंग को छू गया, जिस कारण रेलिंग में करंट फैल गया, जिसके संपर्क में आने से दुर्गादेवी की मृत्यु हो गई। मृतिका के परिवार द्वारा की गई शिकायत के आधार पर आरोपीगण के विरूद्ध पुलिस थाना नीमच केंट में अपराध क्रमांक 148/2018, धारा 304ए भादवि का पंजीबद्ध हुआ। पुलिस नीमच केंट द्वारा विवेचना पूर्ण कर चालान न्यायालय में प्रस्तुत किया। रितेश कुमार सोमपुरा, एडीपीओ द्वारा अभियोजन पक्ष की ओर से न्यायालय में विचारण के दौरान चश्मदीद मृतिका के परिवार के सदस्यों सहित सभी आवश्यक गवाहों के बयान कराकर यह प्रमाणित कराया गया कि घटना आरोपीगण की लापरवाही से हुई हैं तथा दण्ड के प्रश्न पर तर्क दिया कि घटना के कारण एक महिला की मृत्यु हो गई है, इसलिए आरोपीगण को कठोर दण्ड से दण्डित किया जाये। श्री नीरज मालवीय, मुख्य न्यायिक दण्डाधिकारी, नीमच द्वारा आरोपीगण (1) संदीप पिता रविशंकर जेरिया, उम्र 26 वर्ष, निवासी 396, विकास नगर, जिला नीमच तथा (2) गजेन्द्र कुमार पिता अशोक सुतार, उम्र 24 वर्ष, निवासी ग्राम बराडा, तहसील जावद, जिला नीमच को धारा 304ए भादिव में (उपेक्षापूर्ण कार्य करने से मृत्यु होना) 01-01 वर्ष के सश्रम कारावास एवं 1,000-1,000रू जुर्माने से दण्डित किया। न्यायालय में शासन की ओर से पैरवी रितेश कुमार सोमपुरा, एडीपीओ द्वारा की गई।

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