रतलाम/शिवगढ़। रतलाम जिले के आदिवासी अंचल में अवैध गतिविधियों के खिलाफ पुलिस का शिकंजा कसता नजर आ रहा है। आईपीएस एसडीओपी सैलाना लेखराज मीणा के नेतृत्व में कार्रवाई का सिलसिला लगातार आगे बढ़ रहा है। सरवन थाना क्षेत्र के उण्डेर में कार्रवाई के बाद अब शिवगढ़ थाना क्षेत्र के ग्राम जाम्बुकुड़ी में अवैध गांजे की खेती का मामला सामने आया है। यहां मक्का और सोयाबीन की फसलों के बीच गांजे के पौधे पाए गए। पुलिस ने मौके पर सर्चिंग कर अवैध पौधों को उखाड़ा और मामले में दो आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाई की है। जिसमें दो आरोपी को गिरफ्तार किया गया है, जबकि मामले में आगे की जांच जारी है।
उण्डेर के बाद जाम्बुकुड़ी में दूसरी बड़ी कार्रवाई
आईपीएस एसडीओपी लेखराज मीणा को जाम्बुकुड़ी में अवैध गांजे के पौधे होने की जानकारी मिली थी। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने मौके पर पहुंचकर सर्चिंग की। शिवगढ़ थाना प्रभारी विलियम मालवीय के नेतृत्व में अजमेर सिंह भूरिया, सब-इंस्पेक्टर प्रताप सिंह डोडियार सहित आरक्षक दिनेश, आरक्षक मनीष और शिवगढ़ पुलिस बल ने क्षेत्र में तलाशी अभियान चलाया। सर्चिंग के दौरान मक्का और सोयाबीन की फसलों के बीच अवैध गांजे के पौधे मिले।
सरकारी पट्टे जमीन पर उगाए जा रहे थे पौधे!
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, ग्राम जाम्बुकुड़ी में सरकारी पट्टे जमीन पर गांजे के पौधे खड़े मिले, जिन्हें पुलिस ने उखाड़कर जब्ती की कार्रवाई की। मामले में मांगू पिता रकमा पारगी और प्रभु पिता रकमा पारगी के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज कर कार्रवाई की गई है। इनमें एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि गांजे की खेती कितने क्षेत्र में की जा रही थी और इसके पीछे अन्य लोगों की भूमिका तो नहीं है।
अवैध नशे के कारोबार पर पुलिस की नजर
उण्डेर में 700 किलोग्राम के बाद जाम्बुकुड़ी में सामने आई यह भारी मात्रा में पकड़ाई गांजा पौधे की कार्रवाई अवैध नशे के खिलाफ पुलिस की सक्रियता को दर्शाती है। हालांकि, गांजे के पौधों की कुल संख्या, वजन और अनुमानित कीमत के संबंध में विस्तृत जानकारी सामने आना बाकी है। पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही इन तथ्यों की स्पष्ट तस्वीर सामने आएगी।
अब बड़ा सवाल यह है कि फसलों की आड़ में अवैध गांजे की खेती कब से चल रही थी और इसके पीछे कौन-कौन लोग शामिल हैं? पुलिस की आगे की जांच में इन सवालों के जवाब सामने आने की उम्मीद है।
रिपोर्टर जितेन्द्र कुमावत